Image Slider

होमखेलक्रिकेटशुभमन गिल का फूटा गुस्सा! चोटिल खिलाड़ियों से लेकर सिलेक्टर्स तक को लपेटा

Last Updated:

इंग्लैंड के खिलाफ तीन वनडे मैचों की सीरीज को 2-1 से गंवाने के बाद टीम इंडिया के कप्तान शुभमन गिल बुरी तरह से निराश नजर आए. शुभमन गिल की नाराजगी खास तौर पर चोटिल खिलाड़ियों से दिखी. शुभमन का मानना है कि अगर कोई खिलाड़ी तीन मैच की सीरीज में भी पूुरा नहीं खेल पा रहा है तो फिर ये चिंताजनक बात है.

Zoom

शुभमन गिल ने चोटिल खिलाड़ियों पर जताई नाराजगी

नई दिल्ली: इंग्लैंड दौरे पर शुभमन गिल की कप्तानी वाली भारतीय टीम को वनडे सीरीज में 2-1 से शर्मनाक हार मिली. सीरीज का तीसरा और निर्णायक मुकाबला लॉर्ड्स में खेला गया था. इस मैच में मिली हार और सीरीज गंवाने के बाद कप्तान शुभमन ने खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर अपनी चिंता जाहिर करते हुए कड़ा संदेश दिया. शुभमन ने साफ तौर पर ये कहा कि तीन मैचों की सीरीज में भी खिलाड़ियों का फिट नहीं रह पाना एक गंभीर विषय है.

बता दें कि इंग्लैंड दौरे के शुरू होने से पहले ही टीम इंडिया को तब बड़ा झटका लगा था जब ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या क्वाड्रिसेप्स (जांघ की मांसपेशी) के कारण सीरीज से बाहर हो गए. हार्दिक को ये चोट बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में लगी, जहां वह पीठ की चोट से उबर रहे थे. हार्दिक की जगह टीम में नितीश रेड्डी को शामिल किया गया, लेकिन टीम के रवाना होने से कुछ घंटे पहले उन्हें भी जांघ में चोट की शिकायत हो गई. चोटिल खिलाड़ियों की लिस्ट तब और लंबी हो गई, जब इंग्लैंड दौरे पर हर्षित राणा और वाशिंगटन सुंदर को हैमस्ट्रिंग हो गया. इसके बाद लॉर्ड्स वनडे में जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट के कारण नहीं खेल पाए.

चोटिल खिलाड़ियों के लिए शुभमन ने क्या कहा?

इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज गंवाने के बाद कप्तान शुभमन गिल ने कहा, “अगर आप हमारी उस टीम को देखें जो शुरुआत में चुनी गई थी तो कम से कम पांच खिलाड़ी आज का मैच नहीं खेल रहे थे. जब एक खिलाड़ी चोटिल होता है तो आपको अलग संयोजन से खेलना पड़ता है. अगर दो चोटिल होते हैं तो एक और अलग संयोजन अपनाना पड़ता है. मुझे लगता है कि अगर हर मैच के बाद एक खिलाड़ी बाहर हो रहा है तो कहीं न कहीं हम चूक कर रहे हैं.”

उन्होंने आगे कहा, “वर्ल्ड कप को ध्यान में रखते हुए हमें लगातार 11 मैच खेलने हैं. और यहां खिलाड़ी दो या तीन मैचों की सीरीज भी पूरी नहीं कर पा रहे हैं. तो जाहिर है कहीं न कहीं कोई कमी है. वे एक या दो मैच खेलते हैं फिर चोट और हमें मजबूरी में ऐसा संयोजन खिलाना पड़ता है जिसके बारे में हमने सोचा भी नहीं होता. इसलिए अगर किसी सुबह आपको पता चले कि किसी खिलाड़ी को कोई समस्या है तो चीजें मुश्किल हो जाती हैं. फिर स्थिति ऐसी हो जाती है कि क्या आप जोखिम लेना चाहते हैं?”

गिल ने चोटिल खिलाड़ियों को बताया हार का जिम्मेदार

इंग्लैंड के खिलाफ हार से परेशान गिल ने कहा, “अगर मैच में आप पांच गेंदबाजों के साथ खेल रहे हैं और उसमें से एक अगर पांच ओवर फेंककर मैदान से बाहर चला जाता है, तो फिर आप किससे गेंदबाजी कराएंगे? यह मुश्किल है, इन चीजों को ध्यान में रखते हुए हमें अपनी फिटनेस में सुधार करने की जरूरत है.”

गिल ने कहा, “जब भी स्पिनर गेंदबाजी करने आए तो हमें लगा कि हमें डिफेंसिव रवैया अपनाना पड़ रहा है. जब भी तेज गेंदबाज गेंदबाजी कर रहे थे तो लगा कि कुछ हो सकता है. अतिरिक्त स्पिनर न खिलाकर तेज गेंदबाज को खिलाने के पीछे यही सोच थी, क्योंकि बीच के ओवरों में आप दबाव बनाना चाहते हैं और देखना चाहते हैं कि क्या विकेट के मौके बनते हैं.”

About the Author

authorimg

Jitendra Kumar

जितेंद्र कुमार डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में बीते 10 सालों से सक्रिय हैं. इस वक्त नेटवर्क 18 समूह में हिंदी स्पोर्ट्स सेक्शन में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. क्रिकेट के साथ बॉक्सिंग, कबड्डी, बैडमिंटन, ह…और पढ़ें

———-

🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।

 

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||