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होमक्रिकेटजम्मू कश्मीर ने लिखा नया इतिहास, पहली बार जीता रणजी ट्रॉफी का खिताब

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Jammu Kashmir Ranji Trophy 2025-26 Winner: जम्मू कश्मीर ने इतिहास रचते हुए पहली बार रणजी ट्रॉफी का खिताब जीत लिया है. हुबली में खेले गए कर्नाटक के खिलाफ फाइनल मैच में पहली पारी के बढ़त के आधार पर जम्मू कश्मीर को विजेता घोषित किया गया. पारस डोगरा की कप्तानी वाली जम्मू कश्मीर की टीम ने 67 साल के सूखे को खत्म किया.

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जम्मू कश्मीर बना रणजी ट्रॉफी का नया चैंपियन.

नई दिल्ली. रणजी ट्रॉफी के इतिहास में जो कभी नहीं हुआ था, वो जम्मू कश्मीर ने कर दिखाया है. 67 साल से जिस सपने के साथ जम्मू-कश्मीर की टीम हर बार यह टूर्नामेंट खेलने उतरती थी, आज वो पूरा हो चुका है. 41 साल के पारस डोगरा की कप्तानी वाली जम्मू कश्मीर टीम ने रणजी ट्रॉफी का खिताब जीतकर नया इतिहास रच दिया है. यह पहली बार है, जब इस टीम ने रणजी ट्रॉफी का खिताब अपने नाम किया. जम्मू कश्मीर क्रिकेट के बेहद खास लम्हा है. यह खिताबी जीत भारतीय क्रिकेट में सदियों तक याद रखी जाएगी. केएससीए हुबली क्रिकेट ग्राउंड में हुआ फाइनल मुकाबला ड्रॉ रहा, लेकिन पहली पारी में बढ़त के आधार पर जम्मू-कश्मीर को भारतीय घरेलू क्रिकेट के इस सबसे बड़े टूर्नामेंट का चैंपियन घोषित किया गया. पूरे मुकाबले में जम्मू कश्मीर के आगे कर्नाटक को टीम बेदम नजर आई.

जम्मू कश्मीर के लिए ऐतिहासिक लम्हा
जम्मू कश्मीर के लिए यह एक ऐतिहासिक लम्हा है. पांचवें दिन के दूसरे सेशन में जम्मू कश्मीर के विजेता होने की घोषणा हुई. इस पूरे मैच में जम्मू कश्मीर का दबदबा रहा. पहली पारी में शुभम पुंढीर के शतक की मदद से जम्मू कश्मीर ने 584 रन का विशाल स्कोर बनाया. इसके जवाब में कर्नाटक की पारी सिर्फ 293 रनों पर ही सिमट गई. आकिब नबी ने पंजा खोलकर कर्णाटक के बैटिंग ऑर्डर की तहस नहस करते हुए अपनी टीम को 291 रनों की बड़ी बढ़त दिलाई. इसके बाद दूसरी पारी में फिर जम्मू कश्मीर से दमदार बैटिंग देखने को मिली. इस बार कामरान इकबाल और साहिल लोत्रा ने नाबाद शतक जड़कर टीम की बढ़त को 600 के पार पहुंचा दिया. मैच के पांचवें और अंतिम दिन जम्मू कश्मीर ने जब तक अपनी दूसरी पारी में चार विकेट पर 342 रन बनाए थे तब दोनों टीम के कप्तान मैच को ड्रॉ करने पर सहमत हो गए और इस तरह से जम्मू कश्मीर पहली बार चैंपियन बन गया.

जम्मू कश्मीर ने जीता रणजी ट्रॉफी का खिताब.

जश्न में डूबे खिलाड़ी
खिताबी जीत के बाद जम्मू कश्मीर के खिलाड़ियों का जश्न देखते ही बनता है. कप्तान पारस डोगरा के लिए खुद यह एक ऐतिहासिक और यादगार पल है, जिन्होंने 41 साल की उम्र में कप्तानी करते हुए टीम को चैंपियन बनाया. पारस डोगरा का नाम हमेशा जम्मू कश्मीर क्रिकेट के इतिहास में लिया जाएगा, जिन्होंने 67 साल का सूखा खत्म करते हुए टीम को अपना पहला रणजी ट्रॉफी का खिताब जिताया.

दूसरी पारी में कामरान-इकबाल के शतक
जम्मू कश्मीर ने आखिरी दिन सुबह अपनी दूसरी पारी चार विकेट पर 186 रन से आगे बढ़ाई. कामरान इकबाल और साहिल लोत्रा ने कर्नाटक को एक भी सफलता हासिल नहीं करने दी और नाबाद शतक लगाए. जब मैच ड्रॉ करने पर सहमति बनी उस समय सुबह अपनी पारी 94 रन से आगे बढ़ाने वाले इकबाल 160 और लोत्रा 101 रन पर खेल रहे थे. लोत्रा ने सुबह अपनी पारी 16 रन से आगे बढ़ाई थी. इस तरह से जम्मू कश्मीर में अपनी कुल बढ़त 633 रन कर दी थी.

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Shivam Upadhyay

नवंबर 2025 से नेटवर्क 18 ग्रुप में सब एडिटर के पद पर कार्यरत. पत्रकारिता में 3 साल का अनुभव. जी न्यूज से खेल पत्रकारिता में डेब्यू किया. क्रिकेट के साथ-साथ हॉकी और बैडमिंटन के बारे में भी लिखने में दिलचस्पी. मा…और पढ़ें

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