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मुंबई पुलिस के एक जवान का वीडियो सामने आया है, जिसमें वह NEET पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों को ड्रग्स केस में फंसाने की धमकी देता दिख रहा है।
वीडियो मुंबई कांग्रेस ने अपने X हैंडल पर पोस्ट किया है। इसमें प्रदर्शनकारी पुलिस वैन में बैठे हैं। ड्राइविंग सीट पर बैठा जवान उनसे कह रहा है-
वापस इधर दिखा, तो मेरे जैसा बेकार आदमी नहीं। मैं सीधा 25-25g ड्रग्स डाल दूंगा जेब में। फिर गया जिंदगी के लिए।
वीडियो उन्हीं प्रदर्शनकारियों ने बनाया जिन्हें जवान धमका रहा था। हालांकि ये किस जगह का है, इसके बारे में अभी जानकारी सामने नहीं आई है।
दरअसल, पिछले कुछ दिनों से NEET पेपर लीक, CJP और सोनम वांगचुक के समर्थन में शिवाजी पार्क, चेंबूर, आजाद मैदान जैसी जगहों पर विरोध-प्रदर्शन हो रहा है।
इस घटना को गंभीरता से लेते हुए, मुंबई पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। जांच के नतीजे आने तक, वीडियो में दिख रहे पुलिसकर्मी को काम से हटा दिया गया है।
पहले देखिए मुंबई कांग्रेस का पोस्ट…
वीडियो में पुलिसकर्मी बोला- दोबारा यहां दिखे, तो जिंदगी बर्बाद कर दूंगा
वीडियो में पुलिस वैन में कुछ युवक दिख रहे हैं, जिन्हें शायद एक प्रोटेस्ट साइट से हिरासत में लिया गया है। आगे की सीट पर बैठे एक पुलिसवाले को उन्हें घर जाने और प्रोटेस्ट में वापस न आने के लिए कहते हुए सुना जा सकता है। वीडियो में पुलिसवाला स्टूडेंट्स से कहता है, “अगर तुम दोबारा यहां दिखे, तो मैं तुम्हारी जिंदगी बर्बाद कर दूंगा।
फिर वह कहता है कि वह उन्हें झूठे ड्रग केस में फंसा देगा। वीडियो में पुलिसवाला कहता हुआ सुनाई देता है, “मैं तुम्हारे बैग में 50-50 ग्राम पाउडर डाल दूंगा और तुम्हारी जिंदगी खत्म हो जाएगी।”
फिर वह प्रोटेस्ट करने वालों से कहता है कि उनके प्रोटेस्ट ने उसकी जिंदगी मुश्किल कर दी है।
कांग्रस बोली- जवाब जिम्मेदारी से दें
मुंबई कांग्रेस की पोस्ट में कहा गया, अगर यह सच है, तो यह सिर्फ छात्रों को डराने की कोशिश नहीं है, बल्कि लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला है। आवाज उठाना कोई अपराध नहीं है। छात्रों के सवालों का जवाब जिम्मेदारी के साथ दिया जाना चाहिए, न कि धमकियों से।
मुंबई में दादर के शिवाजी पार्क के पास छात्रों के विरोध-प्रदर्शन के दौरान बुधवार को रिया अहीर नाम की लड़की ने चलती पुलिस वैन को रोका और वहां से हटने से इनकार कर दिया। यह वीडियो अब वायरल हो गया है।
मुंबई के प्रदर्शन में स्टूडेंट्स के अलावा अन्य लोग भी शामिल हुए।
मुंबई पुलिस के प्रदर्शन रोकने के तरीके पर सवाल
छात्रों के विरोध-प्रदर्शन को रोकने के लिए मुंबई पुलिस के तरीकों, जैसे प्रदर्शनकारियों की डिजिटल ट्रैकिंग और उनके घर जाकर पूछताछ करना, पर भी सवाल उठ रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि उन्हें स्थानीय पुलिस स्टेशनों से सीधे फोन कॉल और मैसेज आए।
सोशल मीडिया पोस्ट और वेरिफाइड स्क्रीनशॉट से पता चलता है कि स्टेशन के सीनियर अधिकारियों ने लोगों को घर पर रहने और यह पक्का करने के लिए लगातार अपनी वाट्सएप लाइव लोकेशन शेयर करने का निर्देश दिया कि वे नियमों का पालन कर रहे हैं।
इसके अलावा, सुबह-सुबह मैसेजिंग एप के जरिए ‘भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता’ (BNSS) की धारा 35(3) के तहत डिजिटल रूप से कानूनी नोटिस भेजे गए, जिनमें लोगों को पहले हुए जमावड़ों के संबंध में पूछताछ के लिए पेश होने का निर्देश दिया गया।
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नई दिल्ली।
देश भर में NEET सहित प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक के मामलों को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच PM नरेंद्र मोदी ने ऐलान किया किस पेपर लीक मामलों के दोषियों को सजा दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे। इस पर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इसे ‘शिक्षा तंत्र की तबाही’ छिपाने की कोशिश करार दिया। पढ़ें पूरी खबर…
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