Tinnu Yadav News: राम मंदिर दान चोरी के आरोपी टिन्नू यादव और उसके भतीजे मनीष यादव को पुलिस ने बीते शनिवार की सुबह पुलिस ने रिमांड पर लिया था, जो रविवार की रात को पूरी हो गई. इस दौरान पुलिस दोनों को कई जगहों पर ले गई और साथ ही कई घंटों तक पूछताछ भी की,
राम मंदिर दान चोरी का आरोपी टिन्नू और उसका भतीजा मनीष यादव
टिन्नू को जब लगा कि उसके साथ बेईमानी हो रही है तो…
जांच में सामने आई जानकारी के मुताबिक चोरी की वारदात लंबे समय से चल रही थी. पूछताछ में यह भी पता चला है कि रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू चोरी के पैसे का बंटवारा अपने प्रभाव के आधार पर करता था. वह हिस्से में सबसे अधिक पैसा लेता था और कहता था कि ऊपर तक पहुंचाना होता है. बाकी अन्य आरोपी उसकी रसूख के आगे चुप रह जाते थे और उसकी बात मानते थे. हालांकि जब टिन्नू को शक हुआ कि काउंटिंग रूम में चोरी करने वाले आरोपी दानपात्रों से ज्यादा पैसा चुरा रहे हैं और उसे कम पैसा बता रहे हैं तो उसने तुरंत अपने भतीजे मनीष यादव को राम मंदिर में गणना कर्मचारी के रूप में तैनात करा दिया.
भतीजे मनीष का राम मंदिर में क्या था काम?
मनीष की जिम्मेदारी न केवल दान की गिनती ही नहीं थी. बल्कि वह चोरी से प्राप्त धनराशि का पूरा हिसाब-किताब रखता था. कौन कितना पैसा निकाल रहा है, किसे कितना हिस्सा मिलना है और किस दिन कितनी रकम बाहर निकली, इन सभी बातों पर उसकी नजर रहती थी. इसके बाद चोरी की पूरी व्यवस्था पहले से अधिक प्लानिंग के साथ चलने लगी.
चंपत राय, अनिल मिश्रा, गोपाल राव को लेकर बड़े खुलासे
39 घंटे की रिमांड के दौरान टिन्नू ने चंपत राय, गोपाल राव और अनिल मिश्र के काम करने के तरीके, अलग-अलग मामलों में उनकी भूमिका फर अहम खुलासे किए. पूछताछ की शुरुआत में तो टिन्नू हर सवाल का जवाब गोलमोल देता रहा. कभी वह बात बदल देता तो कभी एक ही सवाल का अलग-अलग समय पर अलग उत्तर देता. इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने उसकी रणनीति भांप ली और घंटों तक उसी विषय पर अलग-अलग अंदाज में सवाल पूछे गए.
कैसे दबाव में आया टिन्नू
हालांकि जब उसके जवाब का मिलान किया गया तो कई विरोधाभास भी मिले. मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि पुलिस ने जब उसके बदलते बयानों को उसके सामने रखा तो वह दबाव में आ गया और फिर उसने मंदिर के वर्किंग सिस्टम और तीन सदस्यों को लेकर ऐसे कई बात बताए, जो सही साबित होने पर मामला और तूल पकड़ सकता है. पुलिस अब सभी दावों की सत्यापन करने में जुटी हुई है.
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Prashant Rai am currently working as Chief Sub Editor at News18 Hindi Digital, where he lead the creation of hyper-local news stories focusing on politics, crime, and viral developments that directly impact loc…और पढ़ें
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