Chandranath Rath Murder Accused Rajkumar Singh News : चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में अरेस्ट किए गए राजकुमार सिंह की पढ़ाई और कामकाज को लेकर पिता ने बताया कि वह बीए फर्स्ट ईयर तक पढ़ा है. इसके बाद कुछ जगहों पर काम भी किया. पिता त्रिभुवन नारायण सिंह ने कहा कि उनके परिवार की पश्चिम बंगाल में कोई रिश्तेदारी या जान-पहचान नहीं है. News18 से बातचीत में उन्होंने और क्या क्या खुलासे किए, आइये जानते हैं…
बंगाल CM के PA हत्याकांड में अरेस्ट राजकुमार के पिता ने न्यूज18 से की बातचीत.
CBI का फोन आया था, तब गिरफ्तारी की जानकारी हुई
राजकुमार सिंह के पिता त्रिभुवन नारायण सिंह ने न्यूज18 को बताया कि उन्हें सीबीआई की ओर से फोन कर बेटे की गिरफ्तारी की जानकारी दी गई. उन्होंने कहा, ‘हमको सीबीआई का फोन आया था कि इसी तरह के एक प्रकरण में हम लोग इसको ले जा रहे हैं. कोई केस नंबर भी बता रहे थे. 2026 का मामला बता रहे थे. उससे पहले कोई सूचना नहीं दी गई थी.’
पवन सिंह के साथ वायरल फोटो पर क्या बोले पिता?
राजकुमार सिंह की कुछ तस्वीरें भाजपा नेता और भोजपुरी गायक पवन सिंह के साथ सामने आने के सवाल पर पिता ने कहा कि फोटो खिंचवा लेने का मतलब किसी से करीबी रिश्ता होना नहीं होता. उन्होंने कहा कि ‘नहीं, ऐसा कुछ नहीं. कभी कोई कहीं जाता है, किसी के साथ फोटो खिंचवा लिया तो उसका मतलब ये नहीं कि कोई दोस्ती या गहरा संबंध हो गया.’
हत्या वाले दिन कहां था राजकुमार?
जब उनसे पूछा गया कि 6 मई, जिस दिन पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या हुई, उस दिन राजकुमार कहां था तो पिता ने कहा कि उन्हें खुद इसकी जानकारी नहीं है. उन्होंने कहा कि ‘छह तारीख को मैं खुद घर पर नहीं था. वो कहां था, इसकी जानकारी हमको भी नहीं है.’ परिवार से बातचीत और किसी दोस्त की शादी में जाने के सवाल पर भी पिता ने साफ कहा कि उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है कि वह कहां गया था और किससे मिलने गया था. पिता त्रिभुवन नारायण सिंह ने कहा कि उनके परिवार की पश्चिम बंगाल में कोई रिश्तेदारी या जान-पहचान नहीं है. उन्होंने कहा कि वहां हमारा कोई रिश्तेदार नहीं है, ना कोई खास पहचान वाला है.
राजकुमार सिंह की पढ़ाई और कामकाज को लेकर पिता ने बताया कि वह बीए फर्स्ट ईयर तक पढ़ा है. इसके बाद कुछ जगहों पर काम भी किया. उन्होंने कहा कि ‘एक-दो जगह उसको काम भी लगवाए थे. बीच में गांव में एक विवाद हो गया था, उसमें उसका नाम आ गया. उसके बाद जहां काम करता था वहां पीसीसी जरूरी था. अगर पीसीसी नहीं हो तो वहां काम नहीं मिल सकता था.’ पिता के मुताबिक, ‘राजकुमार ने अपना पीसीसी बनवाने की कोशिश की थी. वह रसड़ा थाने भी गया था, लेकिन उसका आवेदन रिजेक्ट हो गया.’
उन्होंने बताया कि ‘उसने फोन करके कहा था कि पापा पीसीसी रिजेक्ट हो गया. फिर किसी वकील ने बताया कि हाईकोर्ट से डायरेक्शन ले लो तो पीसीसी बन जाएगा. उसी सिलसिले में वह चार्जशीट की कॉपी लेकर आठ या नौ तारीख को इलाहाबाद हाईकोर्ट गया था. घर से यही कहकर गया था कि वहीं काम से जा रहा है.’
CBI सच सामने ले आएगी, पिता को भरोसा
जब पिता से पूछा गया कि इतने बड़े हाईप्रोफाइल हत्याकांड में उनके बेटे की क्या भूमिका हो सकती है तो उन्होंने कहा कि अब जांच एजेंसी ही सच्चाई सामने लाएगी. उन्होंने कहा कि ‘देखिए, सीबीआई ने जब उसको अरेस्ट किया है तो वही लोग जांच करेंगे. क्या सही है, क्या गलत है, दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा.’ परिवार के भीतर राजकुमार के व्यवहार को लेकर पिता ने बताया कि वह अपनी मां से ज्यादा बातचीत करता था और उनसे थोड़ा अलग रहता था. उन्होंने बताया कि वह मां से बात ज्यादा करता था. हमसे थोड़ा कटकर रहता था.
About the Author
I currently serve as a Senior Assistant Editor at News18 Hindi, leading State & Local18 operations across Uttar Pradesh, Uttarakhand, Delhi, Himachal Pradesh and Haryana. With over 17 years of experience in jou…और पढ़ें
- व्हाट्स एप के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- टेलीग्राम के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- हमें फ़ेसबुक पर फॉलो करें।
- हमें ट्विटर पर फॉलो करें।
———-
🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।
Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||



