Image Slider

आज आपका दिन मंगलमय हो!

Today Shubh Muhurat 17 September 2026: क्या आप आज कोई नया काम शुरू करने की सोच रहे हैं? या कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेने वाले हैं? ज्योतिष और पंचांग के अनुसार, किसी भी शुभ कार्य को सही मुहूर्त में करने से सफलता की संभावना बढ़ जाती है। ‘वेबदुनिया’ आपके लिए लेकर आया है 17 सितंबर, 2026 का विशेष पंचांग और शुभ-अशुभ मुहूर्त।

 

आइए जानें आज का दिन आपके लिए क्या लेकर आया है।

यहां 17 सितंबर 2026, गुरुवार के पंचांग की पूर्णतः मौलिक, स्पष्ट और सटीक जानकारी दी गई है। यह विवरण बिना किसी वेबसाइट की हूबहू नकल किए, शुद्ध गणना और प्रामाणिक ज्योतिषीय मानों के आधार पर तैयार किया गया है:

 

गुरुवार, 17 सितंबर 2026 का दैनिक पंचांग, तिथि और शुभ-अशुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं:

विशेष व्रत, नियम एवं धार्मिक महत्‍व

आज के दिन श्री राधा रानी की सबसे प्रिय सखी ललिता देवी का प्राकट्य दिवस (जन्मोत्सव) मनाया जाता है।

आज माताएं संतान की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि के लिए ललिता षष्ठी और संतान सातें का व्रत रखती हैं। 

आज निर्माण, शिल्प और तकनीकी उपकरणों के देवता भगवान विश्वकर्मा की पूजा का पर्व।

भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा स्थापित कर तिल, पुष्प, अक्षत और मिठाई से पूजा करें।

पूजा के दौरान व्यावसायिक यंत्रों व मशीनों का प्रयोग बंद रखना शुभ माना जाता है।

आज कन्या संक्रांति पर तांबे के बर्तन, गेहूं, गुड़ और पीले वस्त्रों का दान करें।

आज के दिन तामसिक भोजन, मद्यपान और मांसाहार से बचें। सात्विक आचरण और संयम बनाए रखें।

 

पंचांग के मुख्य अंग (वैदिक गणना)

वार: गुरुवार

तिथि: भाद्रपद शुक्‍ल षष्‍ठी

पक्ष: शुक्‍ल पक्ष

मास: भाद्रपद (शुक्‍ल पक्ष)

ऋतु: वर्षा ऋतु (Monsoon)

विक्रम संवत: 2083

शक संवत: 1948

 

 

नक्षत्र, योग और करण

नक्षत्र: अनुराधा शाम 07:53 तक, तत्‍पश्‍चात ज्येष्ठा। 

योग: विष्कम्भ दोपहर 12:50 तक, तत्‍पश्‍चात प्रीति। 

करण: तैतिल सुबह 10:47 तक, तत्पश्‍चात गर रात्रि 11:51 तक। 

चन्द्र राशि: वृश्चिक राशि में 

सूर्य राशि: सिंह राशि में

 

पंचक: आज पंचक नहीं है। 

 

आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)

अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:08 से 12:57 तक।

विजय मुहूर्त: दोपहर 02:35 से 03:24 तक।

ब्रह्म मुहूर्त: प्रात: 04:52 से 05:39 तक।

 

आज के अशुभ समय (Avoid Windows)

राहुकाल: दोपहर 02:04 से 03:36 तक (इस समय के दौरान कोई भी नया या महत्वपूर्ण काम शुरू करने से बचें।)

 

यमगण्ड: सुबह 06:26 से 07:58 तक। 

गुलिक काल: सुबह 09:30 से 11:01 तक।

 

दिशाशूल और उपाय

दिशाशूल: दक्षिण दिशा में यात्रा से बचें। 

 

निवारण/उपाय: यदि आज दक्षिण दिशा में यात्रा करना आवश्यक हो तो घर से निकलने से पहले पीली सरसों, दही या जीरा खाकर निकलें। साथ ही भगवान विष्णु और बृहस्पति देव का ध्यान करें।

भगवान भोलेनाथ की कृपा से आपका जीवन सुख, समृद्धि और अच्छी सेहत से परिपूर्ण हो! कल्याण हो!

———-

🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।

 

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||