Last Updated:
Pakistan Chenab River flood Claim: पाकिस्तान द्वारा जानबूझकर पानी छोड़ने का आरोप पूरी तरह से गलत और निराधार है. भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने स्पष्ट किया कि चिनाब नदी का जलस्तर 20-23 जुलाई के दौरान हुई भारी मानसूनी बारिश के कारण प्राकृतिक रूप से बढ़ा. पाकिस्तान की अपनी बाढ़ एजेंसी (FFD) भी बारिश को ही वजह मान चुकी है. भारत ने सिंधु जल संधि को भी आतंकवाद खत्म होने तक स्थगित रखने की बात दोहराई.
भारत ने पाकिस्तान के झूठ की पोल खोल दी.
नई दिल्ली. पाकिस्तान की ओर से एक बार फिर भारत पर जानबूझकर पानी छोड़कर बाढ़ के हालात पैदा करने का निराधार आरोप लगाया गया है. भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने पाकिस्तानी मीडिया के इन दावों को पूरी तरह से तथ्यहीन, गलत और तकनीकी रूप से आधारहीन करार देते हुए खारिज कर दिया है. भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि 20 से 23 जुलाई 2026 के दौरान चिनाब नदी के जलस्तर और बहाव में हुई वृद्धि जम्मू और उसके आसपास के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में हुई भारी मानसूनी बारिश का सीधा परिणाम है. यह एक प्राकृतिक जलीय प्रतिक्रिया है, न कि भारत द्वारा जानबूझकर उठाया गया कोई कदम.
पाकिस्तान के अपने रिपोर्ट की खुली पोल
चौंकाने वाली बात यह है कि पाकिस्तानी मीडिया का यह फैलाया गया भ्रम पाकिस्तान के ही आधिकारिक आंकड़ों के विपरीत है. लाहौर स्थित पाकिस्तान के ‘फ्लड फोरकास्टिंग डिविजन’ (FFD) ने 22 जुलाई 2026 को जारी अपनी ही एडवाइजरी में स्वीकार किया था कि चिनाब नदी में पानी का बढ़ा हुआ स्तर ऊपरी इलाकों में हुई भारी बारिश के कारण है. पाकिस्तान की संस्था ने खुद माना था कि मराला में पानी का तेज बहाव बारिश थमने के बाद ही धीरे-धीरे कम होगा.
सूचना छिपाने का आरोप भी बेबुनियाद
बाढ़ की चेतावनी न देने के आरोपों पर भारत ने साफ किया कि नदी का बहाव किसी भी असाधारण स्तर तक नहीं पहुंचा था, जिसके लिए विशेष अलर्ट जारी करने की आवश्यकता होती. पानी का स्तर मानसूनी सीजन के सामान्य पैटर्न के अनुरूप ही था. इसके बावजूद, भारत ने स्पष्ट किया है कि वह मानवीय आधार पर कूटनीतिक चैनलों के जरिए पाकिस्तान के साथ बाढ़ से जुड़े उच्च-स्तरीय आंकड़े साझा करता रहेगा.
सिंधु जल संधि पर भारत का रुख सख्त
विदेश मंत्रालय ने सिंधु जल संधि (IWT) पर भी भारत का कड़ा और स्पष्ट रुख दोहराया है. भारत का कहना है कि सिंधु जल संधि तब तक स्थगित रहेगी, जब तक पाकिस्तान सीमा पार आतंकवाद को प्रोत्साहन और समर्थन देना पूरी तरह से और विश्वसनीयता के साथ बंद नहीं कर देता. एमईए ने कहा कि जरूरत पड़ने पर कूटनीतिक चैनल के जरिए भारत बाढ़ के आंकड़े पाकिस्तान के साथ साझा करेगा. पिछले साल भारत ने अपने उच्चायोग के जरिए पाकिस्तान से बाढ़ का आंकड़ा जारी किया था. IWT स्थगित है इसलिए IWT चैनल के जरिये भारत नहीं करेगा पाकिस्तान से बाढ़ के आंकड़े साझा लेकिन मानवीय आधार पर उच्चायोग के जरिए साझा करेगा.
About the Author
पत्रकारिता में 16 वर्षों से अधिक का सुदीर्घ अनुभव रखने वाले संदीप गुप्ता वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर होम पेज पर जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. जटिल और सामरिक विषयों को बेहद सरल भाषा में पाठकों त…
और पढ़ें
- व्हाट्स एप के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- टेलीग्राम के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- हमें फ़ेसबुक पर फॉलो करें।
- हमें ट्विटर पर फॉलो करें।
———-
🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।
Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||



