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पटियाला में परिवार के जहर निगले के मामले में महिला ने जज के सामने पूरे राज खोले। ICU में भर्ती महिला तमन्ना ने जज को बताया कि ननद-ननदोई ने उनसे 55 लाख रुपए ठगे। पैसे वापस मांगे तो देने से मुकर गए। ननदोई रणबीर छिब्बर उर्फ लक्की ने अपने एसएचओ साढ़ू का र

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तमन्ना ने बताया कि पैसे लिए या नहीं इसका फैसला करने मजार पर गए तो वहां ननद-ननदोई ने झूठी कसम खाई। तमन्ना ने अपनी जेठानी पर भी गंभीर आरोप लगाए। तमन्ना ने बताया कि जेठानी उसके पति पर बुरी नजर रखती थी। जब उसने विरोध किया तो उसने व पूरे परिवार ने उस पर जादू-टोना करवाने का आरोप लगाया। इसके साथ पति विकास बातिश को उसके अफसरों ने बैंक में प्रताड़ित किया।

महिला ने बताया कि चारों तरफ से घिरने की वजह से पति विकास और वह डिप्रेशन में आ गए थे। उन्हें कोई रास्ता नहीं सूझा तो बच्चों के साथ जहर निगला। इससे पति विकास बातिश (45) और बेटी खुशी बातिश (13) की मौत हो गई। जबकि, तमन्ना बातिश (43) और बेटा कनव (11) बच गए। दोनों अभी अस्पताल में भर्ती हैं।

सिलसिलेवार ढंग से जानिए, परिवार के जहर खाने का पूरा मामला

  • 8 जुलाई को पूरे परिवार ने निगला जहर: 8 जुलाई की रात को पटियाला शहर की ऑफिसर कॉलोनी में रहने वाले विकास बातिश, उनकी पत्नी तमन्ना बातिश, बेटी खुशी बातिश और बेटा कनव बातिश ने जहर खाया। इसके बाद अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। इसके बाद लोगों ने उन्हें राजिंदरा अस्पताल पहुंचाया। यहां पर इलाज के बाद भी विकास बातिश और बेटी खुशी की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ और दोनों की मौत हो गई।
  • जज ने लिए अकेले में लिए तमन्ना के बयान: तमन्ना व उसका बेटा कनव पटियाला के राजिंदरा अस्पताल में दाखिल है। अस्पताल की डॉक्टर हरसिमरन कौर ने तमन्ना बातिश को बयान देने के लिए मानसिक रूप से फिट बताया। जज तमन्ना का बयान लेने के लिए 9 जुलाई को अस्पताल पहुंचे। जज ने पिता राकेश शर्मा का छोड़कर सभी को बाहर निकाला और तमन्ना के बयान लिए।
  • ननदोई जबरन पति को शराब पिलाता था: इस दौरान पिता को पूरी प्रक्रिया के दौरान खामोश रहने का सख्त निर्देश दिया गया। तमन्ना ने जज के सामने पिछले कई सालों से उनके परिवार में चल रही गतिविधियों के बारे में बताया। तमन्ना ने बताया कि जब से मेरी शादी हुई थी, मेरी ननद निधि छिब्बर उर्फ साक्षी का हमारे घर में हद से ज्यादा दखल था। वह और उसका पति रणबीर उर्फ लकी हर शुक्रवार या शनिवार हमारे घर आते थे। लकी हमेशा अपने साथ शराब लेकर आता था और मेरे सीधे-साधे पति विकास को जबरन शराब पिलाता था।
  • बच्चों को विदेश भेज दूंगा, लोन लेकर दे दो पैसे: तमन्ना ने बताया कि ननदोई ने मेरे पति विकास के दिमाग में यह बात बैठा दी थी कि उसका बेटा मणिक छिब्बर जैसे ही विदेश जाएगा, वह हमारे दोनों बच्चों को भी विदेश में सेट कर देगा। लकी कहता था कि वह बच्चों के नाम पर मोटी एफडी करवा रहा है ताकि उनका भविष्य सुरक्षित हो सके। इस झांसे में आकर विकास ने उस पर विश्वास कर लिया। अपनी हैसियत से बाहर जाकर अलग-अलग बैंकों से लोन अप्रूव करवाए और सारे पैसे लकी के हवाले कर दिए। इस तरह किस्तों में कुल 45 लाख रुपए लकी को दे दिए गए।
तमन्ना की बेटी खुशी और व बेटा कनव।- फाइल फोटो

तमन्ना की बेटी खुशी और व बेटा कनव।- फाइल फोटो

  • नोटबंदी और रेड का खौफ दिखाकर हड़पे 10 लाख: तमन्ना ने मजिस्ट्रेट को बताया कि साल 2016 में जब देश में नोटबंदी हुई थी, तब हमारे परिवार ने बड़ी मुश्किल से 10 लाख रुपए की नगदी बचाकर रखी थी। लकी को जैसे ही इसकी भनक लगी, वह तुरंत न्यू अफसर कॉलोनी वाले घर पहुंचा। उसने विकास को डराया कि तुम्हारे घर पर इनकम टैक्स की रेड पड़ने वाली है, यह पैसे मुझे दे दो, मैं संभाल कर रखूंगा।
  • ननदोई ने 10 लाख लौटाने से इनकार किया: महिला ने बताया कि जब पति ने कहा कि यह पैसे वह मेरे (तमन्ना) मायके रखवा देता है, तो लकी ने कहा कि मायके गए पैसे कभी वापस नहीं मिलते। लकी वह 10 लाख रुपए भी ले गया। तीन-चार महीने बाद जब हमें पैसों की सख्त जरूरत पड़ी और हमने लकी से अपने पैसे मांगे। लकी ने साफ कह दिया कि उसने 7-8 लाख रुपए अपने किसी रिश्तेदार की शादी में लगा दिए हैं और बाकी बचे पैसों के डॉलर खरीद लिए हैं, इसलिए अभी पैसे नहीं मिल सकते।
  • सास की मौत के बाद जेवर चोरी किए: तमन्ना ने बताया कि कुछ महीनों बाद मेरी सास की मौत हो गई। इसके बाध ननद निधि छिब्बर हमारे घर से मेरी सास के सारे कीमती कपड़े (सिले और बिना सिले सूट) बिना पूछे खुद ही अपने साथ ले गई। मेरी सास की सोने की चेन निधि ने मेरे पति को मात्र 15,000 रुपए देकर जबरन खुद रख ली। सास की अंगूठी और टॉप्स बेचकर तो हमने उनका इलाज कराया था। निधि मेरी मृत सास का मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड सब कुछ अपने साथ ले गई। इसके बाद आरोपियों ने हमारे फोन नंबर ब्लॉक कर दिए और हमसे बातचीत बंद कर दी।
  • जेठानी रखती थी पति पर गलत नजर: तमन्ना ने बताया कि जेठानी मेरे पति विकास पर हमेशा गलत नजर रखती थी। जब मुझे इस बात का अहसास हुआ तो मैंने इस पर कड़ा एतराज जताया। इस पर पूरा ससुराल मेरे खिलाफ खड़ा हो गया। ससुर, सास और जेठ पंकज ने विकास के सामने मुझे प्रताड़ित करना शुरू कर दिया।
  • जेठानी ने टोटके करने की अफवाह उड़ाई: तमन्ना ने बताया कि सभी ने कहा कि तुझे हमारे परिवार से पैसे नहीं मिल रहे हैं, इसलिए तू जेठानी पर ऐसा झूठा और गंदा इल्जाम लगा रही है। इसके बाद जेठानी ने पूरे समाज और रिश्तेदारों में यह अफवाह फैला दी कि मैं अपने पति को वश में करने के लिए घर में ‘जादू-टोना’ और टोटके करती हूं। यह मानसिक प्रताड़ना इतनी भयानक थी कि मैं और विकास अंदर से टूट गए। यह सब सास और ससुर की मौत से पहले ही शुरू हो चुका था, जिसने हमें अपनों से पूरी तरह अलग-थलग कर दिया।
  • बैंक के अधिकारियों ने किया टॉर्चर: तमन्ना ने अपने बयान में कहा कि अपनों की ठगी और प्रताड़ना झेल रहे विकास बातिश के लिए साल 2026 की शुरुआत बेहद पीड़ादायक रही। विकास खन्ना शहर में एक निजी बैंक में नौकरी करने लगा, जिससे उनके घर का गुजारा चल रहा था। लेकिन जनवरी 2026 में उन्हें वह नौकरी भी छोड़नी पड़ी। तमन्ना ने जज को बताया कि ऑफिस में एचडीएफसी बैंक के क्लस्टर हेड सौरभ अग्रवाल और ब्रांच हेड तजिंदर सिंह ने विकास को मानसिक रूप से इस कदर प्रताड़ित (टॉर्चर) किया कि वे दफ्तर जाने के नाम से भी डरने लगे थे।
रात में सभी को लेकर अस्पताल पहुंचे परिजन।

रात में सभी को लेकर अस्पताल पहुंचे परिजन।

  • मानसिक तनाव के कारण नौकरी छोड़ी: उनके काम पर लगातार सवाल उठाए जाते थे और उन्हें जलील किया जाता था। इस मानसिक तनाव के कारण विकास ने नौकरी छोड़ दी। नौकरी छूटने के बाद परिवार पूरी तरह से पाई-पाई के लिए मोहताज हो गया। बैंकों के लोन की किस्तें सिर पर खड़ी थीं और घर में बच्चों की स्कूल फीस और राशन के पैसे भी खत्म हो चुके थे।
  • आरोपियों ने पुलिस की धौंस का इस्तेमाल किया: महिला ने बताया कि जब घर के हालात बदतर हो गए, तो मैंने अपनी ननद निधि को वॉट्सएप पर मैसेज भेजकर गिड़गिड़ाते हुए कुछ पैसे वापस मांगे। लेकिन निधि ने साफ कह दिया कि उनका हमारे परिवार से कोई लेना-देना नहीं है। इसके बाद आरोपियों ने पुलिस की धौंस का इस्तेमाल किया। ननदोई लकी का साढ़ू (जीजा) रणदीप सिंह पंजाब पुलिस में एसएचओ है। (हुलिया तमन्ना ने सिर से कुछ गंजा और भारी मुंह वाला बताया)
  • SHO ने थाने बुलाकर दोनों के मोबाइल छीने: महिला ने बताया कि रणदीप सिंह ने कानून का दुरुपयोग करते हुए विकास और मुझे नेहरू पार्क के पास स्थित डिवीजन नंबर 4 के पुलिस थाने में तलब किया। जब हम थाने पहुंचे तो एसएचओ रणदीप ने रौब दिखाते हुए दोनों के मोबाइल फोन छीन लिए। जब हमने कहा कि आरोपी लकी भी वहीं खड़ा है, उसका फोन भी लिया जाए, तब जाकर पुलिस ने लकी का फोन लिया।
  • थाने के बाद दरगाह में करवाई गई कसम: इसके बाद कानून का मजाक उड़ाते हुए पुलिस अधिकारी हमें, रणदीप और लकी को असरपुर गांव की एक दरगाह पर ले गए। वहां ननद निधि भी पहुंच गई। दरगाह के पवित्र प्रांगण में मैंने सिर पर हाथ रखकर कसम खाई कि लकी और निधि ने हमें 55 लाख रुपए देने हैं। लेकिन लकी और निधि ने भी पलटकर झूठी कसम खा ली कि उन्होंने कोई पैसा नहीं देना है। इसके बाद एसएचओ रणदीप ने हमें धमकाते हुए कहा “इन्होंने कसम खा ली है कि कोई पैसा नहीं देना है, इसलिए अब तुम दोनों आज के बाद इनसे कोई वास्ता या लिंक नहीं रखोगे, नहीं तो अंजाम बुरा होगा।
  • रब के भरोसे छोड़ खा लिया जहर: तमन्ना ने मजिस्ट्रेट के सामने अपने बयान के आखिर में कहा कि थाने से आने के बाद हमने सब कुछ रब के ऊपर छोड़ दिया था। हम हर तरफ से बहुत तंग हो चुके थे। इसी तंगहाली, बेइज्जती और प्रताड़ना के कारण हमने यह खौफनाक कदम उठाया है। हमने निधि, लकी, रंजना और पंकज से तंग आकर ही जहर खाया है। उन्होंने हमसे कुल 55 लाख रुपये ऐंठे हैं। मुझे बस अब इंसाफ चाहिए।

ननद, ननदोई, जेठ और जेठानी पर केस दर्ज इस बयान के आधार पर पटियाला पुलिस ने तुरंत हरकत में आते हुए आरोपी ननद निधि छिब्बर उर्फ साक्षी, ननदोई रणबीर छिब्बर उर्फ लकी, जेठानी और जेठ पंकज के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108 के तहत थाना में गैर-जमानती मुकदमा दर्ज कर लिया है।

आरोपियों को गिरफ्तारी के लिए कर रहे हैं रेड एसएचओ इंस्पेक्टर विनरप्रीत सिंह ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए रेड की जा रही हैं। पीड़िता ने जज के सामने बयान दिए हैं उनके आधार पर ही एफआईआर हुई है। जांच में जो जो तथ्य सामने आएंगे उसके हिसाब से कार्रवाई की जाएगी।

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