Image Slider

  • Hindi News
  • National
  • PM Narendra Modi NITI Aayog Meeting 2026; DK Shivakumar Suvendu Adhikari | Vijay Viksit Bharat
नई दिल्ली3 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की यह 11वीं बैठक है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गुरुवार को दिल्ली में नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक शुरू हो गई है। इसमें सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री, उपराज्यपाल, केंद्रीय मंत्री और नीति आयोग के अधिकारी शामिल हुए हैं।

हालांकि इस दौरान कर्नाटक सीएम शिवकुमार, बंगाल सीएम शुभेंदु अधिकारी और तमिलनाडु सीएम विजय पहली बार शामिल हुए हैं।

बैठक का मुख्य फोकस विकसित भारत-2047 का लक्ष्य हासिल करने के लिए समावेशी मानव विकास की रणनीति तैयार करना और उसे हर नागरिक तक पहुंचाना है।

नीति आयोग की बैठक में हिस्सा लेंगे। बैठक में मानव विकास, रोजगार, कौशल विकास, स्वास्थ्य, पोषण, समान अवसर और डिजिटल गवर्नेंस जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी।

साथ ही विकसित भारत के लक्ष्य को जमीनी स्तर पर लागू करने और राज्यों के विकास विजन को राष्ट्रीय विजन से जोड़ने की रणनीति पर भी मंथन होगा। दिसंबर 2025 में आयोजित मुख्य सचिवों के राष्ट्रीय सम्मेलन की सिफारिशों पर भी विचार किया जाएगा।

इस बार नीति आयोग की थीम: समावेशी मानव विकास

इस साल नीति आयोग की बैठक की थीम ‘विकसित भारत @2047 के लिए समावेशी मानव विकास’ है। इसका मतलब 2047 तक हर उम्र, क्षेत्र, लिंग और सामाजिक-आर्थिक बैकग्राउंड से परे हर भारतीय तक विकास का लाभ पहुंचाना है।

भारत 2047 में आजादी के 100 साल पूरे करेगा। केंद्र सरकार का लक्ष्य तब तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाना है। इसके लिए GDP बढ़ाने के साथ मानव पूंजी को मजबूत करना, युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करना, रोजगार बढ़ाना, महिलाओं और वंचित वर्गों को अवसर देना क्षेत्रीय असमानताओं को कम करना भी जरूरी है।

इसी वजह से नीति आयोग की बैठक में शिक्षा, कौशल विकास, स्वास्थ्य, पोषण, उद्यमिता, रोजगार और सामाजिक समानता जैसे मुद्दों पर विशेष चर्चा होगी, ताकि विकास का लाभ हर भारतीय तक पहुंच सके।

बैठक में पहली बार शामिल होंगे शिवकुमार और विजय

गैर भाजपा-NDA शासित तीन राज्यों के नए मुख्यमंत्री पहली बार नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल बैठक में शामिल होंगे। इनमें कर्नाटक के डीके शिवकुमार, तमिलनाडु के विजय और केरल के वी.डी. सतीशन शामिल हैं।

मुख्यमंत्री बनने के बाद शिवकुमार ने प्रधानमंत्री मोदी की बधाई का जवाब देते हुए कहा था कि वे सहकारी संघवाद की भावना के साथ केंद्र सरकार के साथ मिलकर काम करेंगे। इसे उनके पूर्ववर्ती सिद्धारमैया के रुख से अलग माना जा रहा है।

सिद्धारमैया ने पिछले साल 24 मई को आयोजित नीति आयोग की बैठक में हिस्सा नहीं लिया था। उन्होंने पहले मैसूर के कार्यक्रमों और बाद में केंद्र द्वारा कर्नाटक की मांगों की अनदेखी का हवाला देते हुए बैठक का बहिष्कार किया था।

सिद्धारमैया के अलावा 4 CM पिछली बैठक में नहीं पहुंचे थे

नीति आयोग की 10वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक में सिद्धारमैया के अलावा, पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी, केरल के पिनराई विजयन, बिहार के नीतीश कुमार और पुडुचेरी के एन. रंगासामी शामिल नहीं हुए थे।

नीति आयोग के CEO बीवीआर सुब्रह्मण्यम के अनुसार, 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में से 31 ने बैठक में भाग लिया था। उन्होंने इसे गवर्निंग काउंसिल की सबसे अधिक भागीदारी वाली बैठकों में से एक बताया था।

वहीं, तमिलनाडु के तत्कालीन CM एम.के. स्टालिन, तेलंगाना के CM रेवंत रेड्डी, हिमाचल प्रदेश CM सुखविंदर सिंह सुक्खू, झारखंड CM हेमंत सोरेन और पंजाब के भगवंत मान जैसे विपक्ष शासित राज्यों के मुख्यमंत्री बैठक में मौजूद रहे थे।

———————————

यह खबर भी पढ़ें…

मोदी बोले- कांग्रेस ने नाकामी का कलंक हिंदुओं पर लगाया:हमने सालों के काम महीनों में किए; शुभेंदु ने PM को झालमुड़ी खिलाई

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भारत के सबसे लंबे समय तक लगातार सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं। उनके कार्यकाल के 4,399 दिन पूरे होने पर भारत मंडपम में आयोजित NDA बैठक में उनका सम्मान किया गया। बैठक को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा- 12 साल में देश कांग्रेस के कुचक्र से आजाद हुआ। नाकामी कांग्रेस की थी लेकिन कलंक हिंदू आबादी पर लगाया गया। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…

———-

🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।

 

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||