पुलिस की पूछताछ में यह भी पता चला है कि वारदात के समय आरोपी अपनी बाइक की नंबर प्लेट पर टेप लगाकर पहुंचे थे, ताकि उनकी पहचान न हो सके। यह बाइक बाद में पुलिस को सैदनंगली में बरामद हुई। इसके अलावा, दोनों ने घटना के बाद खून से सने अपने कपड़ों को रास्ते में जला दिया था, ताकि अपराध के सबूतों को नष्ट किया जा सके।
मुख्यमंत्री के निर्देश और पुलिस की कार्रवाई
इस गंभीर मामले को मुख्यमंत्री ने स्वयं संज्ञान में लिया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके परिणामस्वरूप, पुलिस ने दोनों आरोपियों, जीशान और गुलफाम, पर एक-एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया। अंततः, गहन पुलिस तलाश और कार्रवाई के क्रम में, दोनों भाई एक पुलिस मुठभेड़ में मारे गए।
इसके बाद वह वहां से भाग निकला। रास्ते में उसने खुद को जमाती बताकर राहगीरों के मोबाइल फोन से परिजनों को पांच बार कॉल की। क्राइम ब्रांच की टीम आरोपियों के पिता बुनियाद अली के मोबाइल नंबर की कॉल ट्रेस कर रही थी, जिसके आधार पर गुलफाम का सुराग मिला।
- व्हाट्स एप के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- टेलीग्राम के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
- हमें फ़ेसबुक पर फॉलो करें।
- हमें ट्विटर पर फॉलो करें।
———-
🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।
Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||



