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-‘आपकी पुलिस आपके दरवाजे पर’ अभियान से आमजन को राहत देने की पहल, झुग्गी-झोपडिय़ों और आवासीय क्षेत्रों में पहुंचकर अधिकारियों ने किया सीधा संवाद
-पुलिस आयुक्त जे. रविन्द्र गौड़ ने मिशन शक्ति केंद्र का किया निरीक्षण, महिला सुरक्षा और शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर जोर
-बच्चों को खाद्य सामग्री बांटकर साझा की त्योहारों की खुशियां, पुलिस और जनता के बीच विश्वास मजबूत करने का प्रयास

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। पुलिस और आमजन के बीच दूरी कम करने तथा लोगों की समस्याओं को उनके बीच पहुंचकर सुनने के उद्देश्य से कमिश्नरेट गाजियाबाद पुलिस ने ‘आपकी पुलिस आपके दरवाजे पर’ अभियान चलाया। अभियान के तहत जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस टीमों ने झुग्गी-झोपडिय़ों और आवासीय इलाकों में पहुंचकर महिलाओं, बालिकाओं और स्थानीय नागरिकों से सीधा संवाद किया। पुलिस आयुक्त जे. रविन्द्र गौड़ ने सोमवार को कविनगर थाना क्षेत्र के लोहामंडी में अधिकारियों और पुलिस बल के साथ पहुंचकर लोगों का कुशलक्षेम जाना और उनकी समस्याएं सुनीं। इस दौरान बच्चों को खाद्य सामग्री वितरित कर त्योहार की खुशियां भी साझा की गईं। पुलिस की इस पहल का उद्देश्य लोगों को छोटी-बड़ी शिकायतों के लिए थानों के चक्कर लगाने से राहत दिलाना और जरूरतमंद नागरिकों तक पुलिस की सहायता पहुंचाना है। खासकर उन लोगों की समस्याओं को प्राथमिकता से सुनने पर जोर दिया गया, जो किसी कारणवश थाने तक नहीं पहुंच पाते या अपनी बात रखने में संकोच करते हैं।

अधिकारियों ने नागरिकों को भरोसा दिलाया कि उनकी शिकायतों पर नियमानुसार कार्रवाई करते हुए समाधान का प्रयास किया जाएगा। लोहामंडी में आयोजित अभियान के दौरान पुलिस आयुक्त जे. रविन्द्र गौड़ के साथ अतिरिक्त पुलिस आयुक्त मुख्यालय एवं अपराध केशव कुमार चौधरी, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं यातायात राजकरन नैय्यर, डीसीपी सिटी धवल जायसवाल, डीसीपी मुख्यालय बलवंत कुमार चौधरी, एसीपी कविनगर अभय राजेन्द्र डागा, एसीपी कोतवाली उपासना पाण्डेय, एसीपी महिला अपराध शुचिता सिंह और एसीपी वेवसिटी प्रियाश्री पाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से उनकी रोजमर्रा की समस्याओं, क्षेत्र की परिस्थितियों और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर जानकारी ली। नागरिकों को बताया गया कि वे किसी भी परेशानी या शिकायत के संबंध में पुलिस को मौखिक अथवा लिखित रूप से अवगत करा सकते हैं।

संदिग्ध गतिविधियों और कानून-व्यवस्था से जुड़ी सूचनाएं तत्काल पुलिस तक पहुंचाने की अपील भी की गई। पुलिस आयुक्त जे. रविन्द्र गौड़ ने कहा कि पुलिस का दायित्व केवल अपराध होने के बाद कार्रवाई करना नहीं, बल्कि आमजन के बीच पहुंचकर उनकी समस्याओं को समझना और समय रहते सहायता उपलब्ध कराना भी है। ‘आपकी पुलिस आपके दरवाजे पर’ अभियान इसी सोच के साथ चलाया जा रहा है, ताकि नागरिक बिना किसी संकोच के अपनी बात पुलिस तक पहुंचा सकें। उन्होंने अधिकारियों को लोगों की शिकायतों के प्रति संवेदनशील रहने और नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

महिला सुरक्षा और शिकायतों के निस्तारण को प्राथमिकता
अभियान के बाद पुलिस आयुक्त ने थाना कविनगर स्थित मिशन शक्ति केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्र पर प्राप्त शिकायतों की स्थिति की जानकारी लेते हुए उनके त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश दिए। महिला सुरक्षा, सहायता और महिलाओं से संबंधित शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने पर विशेष जोर दिया गया। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त मुख्यालय एवं अपराध केशव कुमार चौधरी ने कहा कि पुलिस की पहुंच हर नागरिक तक सुनिश्चित करना जरूरी है। क्षेत्र में जाकर संवाद करने से स्थानीय समस्याओं की वास्तविक स्थिति समझने और शिकायतों पर उचित कार्रवाई करने में मदद मिलती है।

उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मियों को नागरिकों की बात गंभीरता से सुननी चाहिए, ताकि लोगों में पुलिस के प्रति भरोसा और सहयोग की भावना मजबूत हो। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त कानून-व्यवस्था एवं यातायात राजकरन नैय्यर ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस के साथ जनता की सहभागिता भी महत्वपूर्ण है। स्थानीय नागरिकों से नियमित संवाद होने पर क्षेत्र की समस्याओं और संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी समय पर मिल सकती है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे यातायात और कानून-व्यवस्था से संबंधित नियमों का पालन करें तथा किसी भी समस्या की जानकारी पुलिस को दें।

बच्चों के चेहरों पर आई मुस्कान, विश्वास बढ़ाने पर जोर
अभियान के दौरान पुलिस अधिकारियों ने बच्चों को खाद्य सामग्री वितरित की। पुलिस अधिकारियों को अपने बीच पाकर बच्चों के चेहरों पर खुशी दिखाई दी। इस पहल के जरिए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के साथ सामाजिक सरोकार और मानवीय संवेदनशीलता का संदेश देने का प्रयास किया। डीसीपी सिटी धवल जायसवाल ने कहा कि पुलिस और नागरिकों के बीच बेहतर तालमेल से स्थानीय समस्याओं के समाधान में मदद मिलती है। ऐसे अभियानों के माध्यम से पुलिस लोगों की जरूरतों को करीब से समझ सकती है और उनकी शिकायतों को संबंधित स्तर पर पहुंचाकर आवश्यक कार्रवाई करा सकती है।

डीसीपी मुख्यालय बलवंत कुमार चौधरी ने कहा कि नागरिकों को पुलिस तक अपनी बात पहुंचाने में किसी तरह की झिझक नहीं होनी चाहिए। पुलिस का प्रयास है कि शिकायतों को गंभीरता से सुनकर नियमानुसार कार्रवाई की जाए और जरूरतमंद लोगों को समय पर सहायता मिले। कमिश्नरेट गाजियाबाद पुलिस का यह अभियान पुलिस सेवाओं को अधिक सुलभ बनाने और आमजन के साथ सीधा संपर्क बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नागरिकों की समस्याएं सुनने, महिला सुरक्षा को मजबूत करने और पुलिस-जनता के बीच विश्वास कायम रखने के लिए इस तरह के प्रयासों पर जोर दिया जाएगा।

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