Image Slider

होमताजा खबरदेशखुद की आग लगाई आग में झुलस रहे ट्रंप, अब भारत ही रोक सकता है रूस-यूक्रेन जंग

Last Updated:

रूस-यूक्रेन जंग खत्म कराने की कोशिश में अमेरिका की रणनीति अब खुद कई मोर्चों पर उलझती दिख रही है. ट्रंप ने युद्ध रोकने का वादा किया था, लेकिन रूस और यूक्रेन के बीच अभी भी सहमति नहीं बन पाई है. ऊपर से ईरान को लेकर नया तनाव अमेरिकी दबाव बढ़ा रहा है. इसी बीच भारत ने अलग रास्ता पकड़ लिया है. पीएम मोदी ने पुतिन से अंतहीन युद्ध खत्म करने की अपील की. विदेश मंत्री जयशंकर ने जेलेंस्की से मुलाकात की और कहा कि भारत हर संभव मदद को तैयार है. क्या भारत अब शांति की राह तैयार कर सकता है?

ख़बरें फटाफट

खुद की आग लगाई आग में झुलस रहे ट्रंप, अब भारत ही रोक सकता है रूस-यूक्रेन जंगZoom

ट्रंप की कोशिशों के बीच रूस-यूक्रेन युद्ध क्यों नहीं रुक रहा? (फाइल फोटो)

सोचिए, एक नेता युद्ध की आग बुझाने निकलता है. लेकिन तभी उसे लगता है कि एक और आग को नियंत्रित कर लिया जाए. लेकिन कहानी तब पलट जाती है, जब दोनों तरफ लपटें उठने लगती हैं. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने आज कुछ ऐसा ही पेच नजर आ रहा है. सत्ता संभालते ही उन्होंने रूस-यूक्रेन युद्ध खत्म कराने का वादा किया था. मॉस्को पर दबाव बनाया गया. कीव को बातचीत की मेज तक लाने की कोशिश हुई. यूरोप को भी अपने हिस्से की जिम्मेदारी उठाने का संदेश दिया गया. कई दौर की कूटनीतिक कोशिशें हुईं, लेकिन युद्ध निर्णायक रूप से नहीं रुका. अब पश्चिम एशिया में ईरान को लेकर खुला संघर्ष और तनाव अमेरिकी रणनीति के सामने एक और चुनौती खड़ी कर रहा है. ऐसे समय में यूक्रेन के मोर्चे पर अमेरिका की भूमिका जितनी उलझती दिख रही है, भारत की स्थिति उतनी ही दिलचस्प हो गई है.

क्योंकि भारत ने इस पूरे घटनाक्रम में एक अलग रास्ता चुना है. नई दिल्ली ने न तो मॉस्को से रिश्ते तोड़े और न ही पश्चिम से दूरी बनाई. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सामने बैठकर युद्ध को खत्म करने का संदेश दिया. 31 अगस्त को किर्गिस्तान के बिश्केक में शंघाई सहयोग संगठन की बैठक से इतर मोदी-पुतिन मुलाकात में उन्होंने कहा कि अब अंतहीन युद्ध से निकलकर युद्ध के अंत की तरफ बढ़ना चाहिए. इसके कुछ ही दिन बाद विदेश मंत्री एस. जयशंकर की कीव में यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से मुलाकात हुई. जयशंकर ने साफ कहा कि अगर भारत किसी भी तरह मदद कर सकता है तो वह तैयार है. इसके बाद विदेश मंत्रालय का रुख भी सामने आया कि भारत रूस और यूक्रेन दोनों के संपर्क में है और ऐसे सुझावों पर काम कर रहा है, जो संघर्ष को कम करने या खत्म करने में मदद कर सकें. यानी तस्वीर में पहली बार तीन कड़ियां एक साथ दिखाई दे रही हैं… पुतिन से मोदी की बात, जेलेंस्की से जयशंकर की बातचीत और शांति के लिए भारत की खुली तैयारी.

About the Author

authorimg

सुमित कुमारSenior Sub Editor

सुमित कुमार News18 हिंदी में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं. वे पिछले 4 साल से यहां सेंट्रल डेस्क टीम से जुड़े हुए हैं. उनके पास जर्नलिज्म में मास्टर डिग्री है. News18 हिंदी में काम करने से पहले, उन्ह…

और पढ़ें

img

खबरें पढ़ने का बेहतरीन अनुभव

QR स्कैन करें, डाउनलोड करें News18 ऐप या वेबसाइट पर जारी रखने के लिए यहां क्लिक करें

QR Code

———-

🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।

 

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||