दिल्ली विश्वविद्यालय का नजफगढ़ में तैयार हो रहा वीर सावरकर कॉलेज इस साल शुरु हो सकता है। हालांकि इसकी कक्षाएं मुख्य परिसर में न चलाकर दीन दयाल उपाध्याय (डीडीयू) कॉलेज परिसर में चलाने की तैयारी है। डीयू के आग्रह पर डीडीयू ने अपने परिसर में इसकी कक्षाएं संचालित करने की सहमति दे दी है। अब डीडीयू को डीयू की हरी झंडी का इंतजार है। फिलहाल पहले साल के ही छात्रों से ही इसकी शुरूआत की जाएगी। नया कॉलेज बनने से डीयू की सीटों की संख्या में भी इजाफा हो जाएगा।
नजफगढ़ में डीयू का नया वीर सावरकर कॉलेज तैयार किया जा रहा है। अभी इसकी इमारत पूरी तरह से तैयार नहीं है। ऐसे में डीयू इसे डीडीयू परिसर में ही शुरू करने की योजना बना रहा है। बताया जा रहा है कि इस कॉलेज की नई इमारत साल के अंत में ही तैयार होने की संभावना है। डीडीयू के प्रिंसिपल प्रो. हेम चंद जैन ने कहा कि हमारा कॉलेज वीर सावरकर कॉलेज के सबसे पास है। डीयू की ओर से आग्रह प्राप्त हुआ था कि वह कक्षाएं संचालित करने के लिए जगह उपलब्ध कराएं। इस संबंध में कॉलेज प्रबंध समिति में विचार-विमर्श कर अपनी सहमति दे दी।
डीडीयू की नई इमारत है और हमारे पास काफी जगह है। इस कारण एक फ्लोर खाली छोडऩे के लिए कहा गया। कॉलेज के पास प्रयोगशालाएं भी हैं, जिनका इस्तेमाल छात्र कर सकते हैं। नए कॉलेज की कक्षाएं संचालित करने के लिए तैयार हैं। वीर सावरकर कॉलेज से तीन कोर्स बीएससी कंप्यूटर साइंस, बीकॉम ऑनर्स और बीबीए शुरु किए जाएंगे। प्रत्येक कोर्स के लिए दो-दो सेक्शन रखने की तैयारी है, हर सेक्शन में 60-60 के हिसाब से तीन कोर्स के लिए 360 सीटें होंगी।
वीर सावरकर कॉलेज 1995 के बाद बनने वाला पहला कॉलेज होगा। रोशनपुरा नजफगढ़ में यूईआर हाइवे के पास इसे तैयार किया जा रहा है जो कि को-एड कॉलेज होगा। इसको तैयार करने में 140 करोड़ रुपये की लागत आएगी। नजफगढ़ के पास अभी केवल भगिनी निवेदिता कॉलेज है जो कि केवल लड़कियों के लिए है।
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