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<strong>Apara Ekadashi 2026: </strong>हिंदू धर्म में प्रत्येक तिथि और त्योहार का अपना विशेष महत्व होता है। उनमें से एकादशी का व्रत विशेष रूप से पुण्य और धार्मिक उद्धार के लिए जाना जाता है। अपरा और अचला एकादशी पालन करने से मानसिक शांति, जीवन में समृद्धि और परिवार में सुख-शांति बनी रहती है। अपरा एकादशी विशेष रूप से धन और वैभव की प्राप्ति के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है।<strong>ALSO READ: <a href="https://hindi.webdunia.com/ekadashi-vrat-katha/apra-achala-ekadashi-ki-kahani-2026-126051100015_1.html" target="_blank">Apra Ekadashi Katha: अपरा एकादशी व्रत कथा: पुण्य की शक्ति और प्रेत योनि से मुक्ति की गाथा</a></strong>


 

अगर आप आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं या समाज में अपनी प्रतिष्ठा वापस पाना चाहते हैं, तो अपरा (अचला) एकादशी पर ये विशेष उपाय जरूर करें:

 

1. पद-प्रतिष्ठा के लिए 'पीला तिलक' उपाय

इस दिन भगवान विष्णु को केसर और हल्दी का तिलक लगाएं। फिर वही तिलक अपने माथे पर लगाकर घर से बाहर निकलें। मान्यता है कि इससे अटके हुए सरकारी काम बनते हैं और समाज में आपका सम्मान बढ़ता है।


 

2. अपार धन-दौलत के लिए 'तुलसी' प्रयोग

शाम के समय तुलसी के पौधे के पास घी का दीपक जलाएं और &#039;ॐ नमो भगवते वासुदेवाय&#039; का जाप करते हुए 11 परिक्रमा करें। याद रखें, एकादशी के दिन तुलसी को जल न चढ़ाएं और न ही उसके पत्ते तोड़ें।

 

3. दक्षिणावर्ती शंख से अभिषेक

यदि व्यापार में घाटा हो रहा है, तो अपरा एकादशी पर भगवान विष्णु का दक्षिणावर्ती शंख में दूध भरकर अभिषेक करें। इससे मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और घर में स्थायी संपत्ति का वास होता है।


 

4. दीप दान का महत्व

कर्जों से मुक्ति के लिए इस दिन किसी मंदिर में या पीपल के पेड़ के नीचे दीप दान करें। पीपल में भगवान विष्णु का वास माना जाता है, इसलिए यह उपाय सोया हुआ भाग्य जगाने वाला माना जाता है।


 


प्रो टिप: इन उपायों को पूरी श्रद्धा के साथ करें और साथ ही &#039;अपरा एकादशी&#039; की दिव्य कथा का पाठ करें। 


 

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