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Ex Muslim Saleem Wastik: गाजियाबाद का रहने वाला सलीम वास्तिक एक बार फिर सुर्खियों में है. तिहाड़ जेल पहुंचने के बाद उसके जीवन से जुड़े कई चौंकाने वाले राज सामने आए है. कभी फरार होकर नई पहचान बनाने वाला सलीम अब सोशल मीडिया पर मिली लोकप्रियता और उस पर बनने जा रही फिल्म को लेकर चर्चा में है. बताया जा रहा है कि उसकी जिंदगी पर बायोपिक बनाने की तैयारी थी और इसके लिए उसे 15 लाख रुपये एडवांस भी दिए गए थे.

सलीम वास्तिक पर बनने वाली थी बॉलीवुड फिल्म, बायोपिक के लिए ले चुका था 15 लाखZoom

सलीम वास्तविक की जिंदगी पर बायोपिक बनाने की थी तैयारी

Saleem Wastik Biopic: दिल्ली के चर्चित अपहरण और हत्या मामले में उम्रकैद की सजा काट रहा सलीम वास्तिक एक बार फिर चर्चा में है. इस बार वजह सिर्फ उसका आपराधिक अतीत नहीं, बल्कि फरारी के दौरान बनाई गई नई पहचान, सोशल मीडिया पर मिली लोकप्रियता और उस पर बनने जा रही फिल्म है. तिहाड़ जेल पहुंचने के बाद हुई पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए है.

पुलिस सूत्रों के अनुसार हाल ही में सलीम पर हुए जानलेवा हमले के बाद सोशल मीडिया पर उसकी पहचान तेजी से बढ़ी है. वह खुद को बदला हुआ इंसान और सुधारवादी सोच वाला व्यक्ति बताने लगा था. इसी बदली हुई छवि की वजह से उसकी जिंदगी पर फिल्म भी बनाने की तैयारी शुरू हो गई.

‘एक्स सलीम’ फिल्म का रखा गया नाम
जांच में सामने आया कि एक मशहूर बॉलीवुड निर्माता ने सलीम से संपर्क किया था. उसकी जिंदगी, पुराने अपराध, जेल, फरारी और बाद की घटनाओं पर आधारित एक बायोपिक की योजना बनाई गई थी. प्रस्तावित फिल्म का नाम ‘एक्स मुस्लिम’ बताया जा रहा है. सलीम ने पूछताछ में स्वीकार किया कि इस फिल्म के लिए उसे 15 लाख रुपये साइनिंग अमाउंट के रूप में मिले थे.

व्यापारी के बेटे का अपहरण फिर हत्या
हालांकि सलीम का अतीत बेहद गंभीर अपराधों से जुड़ा है. साल 1995 में दिल्ली के दरियागंज स्थित रामजस स्कूल में मार्शल आर्ट्स ट्रेनर रहे सलीम खान ने अपने साथियों के साथ मिलकर एक व्यापारी के 13 वर्षीय बेटे का अपहरण किया था. फिरौती न मिलने पर बच्चे की हत्या कर उसका शव छिपा दिया गया. इस मामले में 1997 में अदालत ने सलीम को उम्रकैद की सजा सुनाई थी.

खुद को मृत घोषित करा लिया था सलीम
साल 2000 में पैरोल मिलने के बाद वह जेल वापस नहीं लौटा और फरार हो गया. जांच एजेंसियों के मुताबिक अपनी पुरानी पहचान मिटाने के लिए उसने सरकारी रिकॉर्ड में खुद को मृत घोषित करा लिया. इसके बाद वह हरियाणा और उत्तर प्रदेश में नाम बदलकर रह रहा था. अब पुलिस उसकी फर्जी पहचान, जाली दस्तावेज और सरकारी रिकॉर्ड में की गई हेरफेर की जांच कर रही है. क्राइम ब्रांच अधिकारियों का कहना है कि यदि आरोप साबित हुए तो उसके खिलाफ नए मुकदमे दर्ज किए जाएंगे.

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Manish Rai

काशी के बगल चंदौली से ताल्लुक रखते है. बिजेनस, सेहत, स्पोर्टस, राजनीति, लाइफस्टाइल और ट्रैवल से जुड़ी खबरें पढ़ना पसंद है. मीडिया में करियर की शुरुआत ईटीवी भारत हैदराबाद से हुई. अभी लोकल18 यूपी के कॉर्डिनेटर की…और पढ़ें

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