Image Slider

-किसानों से सहमति के आधार पर होगी खरीद

उदय भूमि संवाददाता
नोएडा। न्यू नोएडा (डीएनजीआईआर) परियोजना को लेकर जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया अब तेज होने जा रही है। पहले चरण में कुल 37 गांवों की जमीन अधिग्रहित करने की तैयारी पूरी कर ली गई है। प्राधिकरण ने गांवों की सूची भी अंतिम रूप दे दिया है। इनमें 24 गांव बुलंदशहर जिले के जबकि 13 गांव गौतमबुद्ध नगर के शामिल हैं।

प्राधिकरण किसानों से आपसी सहमति के आधार पर जमीन खरीदेगा। इसके लिए तीन तहसीलदारों की नियुक्ति की तैयारी की जा रही है, जो किसानों से बातचीत और दस्तावेजी प्रक्रिया को पूरा करेंगे। साथ ही ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे के पास प्राधिकरण का अस्थायी कार्यालय भी स्थापित किया जाएगा। प्राधिकरण के ओएसडी क्रांति शेखर के मुताबिक किसानों को 4300 रुपये प्रति वर्गमीटर की दर से मुआवजा दिया जाएगा। यह दर यमुना प्राधिकरण क्षेत्र के बराबर रखी गई है। जमीन अधिग्रहण को लेकर किसानों से वार्ता इसी महीने शुरू होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि 18 अक्टूबर 2024 के बाद किए गए निर्माण को पूरी तरह अवैध माना जाएगा। इसके लिए सैटेलाइट इमेज का सहारा लिया जाएगा। जिन निर्माणों को बाद में किया गया पाया जाएगा, उन्हें आबादी में शामिल नहीं माना जाएगा और उनका कोई मुआवजा भी नहीं दिया जाएगा। प्राधिकरण एक-एक गांव की जमीन अधिग्रहित करने के साथ वहां सड़क और अन्य आधारभूत ढांचे के विकास की भी योजना बना रहा है।

इन गांवों की जमीन पहले होगी अधिग्रहित

पहले चरण में बुलंदशहर जिले के बिरोंडी फौलादपुर, बिरोंडी तेजपुर, चोला, डिमरी आदिलपुर, गोपालपुर, हृदयपुर, जोखाबाद, कैथरा, कनवरा, काड़ू, किशनपुर, लुहाकर, मुरादाबाद, नगला बरोधा, नवादा, राजरमपुर, राजपुर खुर्द, सबदलपुर, सलेमपुर कायस्थ, सनवाली, शाहपुर कलां, सेरपुर और सिकरा गांव शामिल हैं। वहीं गौतमबुद्ध नगर जिले के आनंदपुर, बैरंगपुर उर्फ नई बस्ती, बील अकबरपुर, छायसा, दयानगर, गिरिराजपुर, कोट, मिलक खंडेरा, नगला कामरू, नगला न्यानसुख, नेकरामपुर उर्फ विशनुपुर, फूलपुर और सैंथली गांवों को भी पहले चरण में शामिल किया गया है।

209 वर्ग किलोमीटर में बसाया जाएगा नया शहर

न्यू नोएडा को करीब 209 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में विकसित किया जाएगा। इसके लिए अक्टूबर 2024 की सैटेलाइट इमेज को आधार बनाया जाएगा। कुल 81 गांवों की अलग-अलग सैटेलाइट तस्वीरें ली जाएंगी। खसरा नंबर के आधार पर जमीन का रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा, जिसमें निर्माण और खाली जमीन की अलग-अलग पहचान की जाएगी। जमीन की पैमाइश के साथ सड़क, पार्क, स्कूल, कॉलेज, औद्योगिक क्षेत्र और रिहायशी सुविधाओं की भी विस्तृत योजना तैयार की जाएगी।

चार चरणों में विकसित होगा डीएनजीआईआर

डीएनजीआईआर परियोजना को चार चरणों में विकसित करने की योजना बनाई गई है। कुल 20,911 हेक्टेयर क्षेत्र में बसने वाले इस नए शहर के पहले चरण में वर्ष 2023 से 2027 के बीच 3165 हेक्टेयर जमीन विकसित की जाएगी। इसके बाद 2027 से 2032 तक 3798 हेक्टेयर, 2032 से 2037 तक 5908 हेक्टेयर और अंतिम चरण में 2037 से 2041 तक 8230 हेक्टेयर क्षेत्र को विकसित किया जाएगा। प्राधिकरण का दावा है कि न्यू नोएडा को आधुनिक आधारभूत सुविधाओं और बेहतर शहरी नियोजन के साथ विकसित किया जाएगा, ताकि यह भविष्य की जरूरतों के अनुरूप एक आधुनिक शहर बन सके।

———-

🔸 स्थानीय सूचनाओं के लिए यहाँ क्लिक कर हमारा यह व्हाट्सएप चैनल जॉइन करें।

 

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Ghaziabad365 || मूल प्रकाशक ||